Shree Radhekrishan ji Maharaj

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बाबा जी सर्वरोग निवारण हेतू प्रायः तीन बार प्रार्थना जल देते हैं| इससे अधिकांश रोगी एक दो माह में ठीक हो जाते है | अब तक इस पूजा जल से अधिकांशत: जिन रोगों का उपचार देखने मे आया है वो निम्नलिखित है :-

1.डायबिटीज़ 2.पक्षाघात 3. स्लिपडिस्क 4.सर्वाइकल स्पेन्डलाइटिश 5. लम्बर स्पेन्डलाइटिश 6. सियाटिका 7.गठिया 8. घुटने वा जोड़ों का दर्द 9. रीढ़ एवं गर्दन की गुरियो की सूजन 10.nनाड़ी स्पन्दन विहीन रोग 11.अंग कम्पन 12. मस्कुलर डिस्ट्राफी (मांसपेशी दुर्बलता) 13. बेरीकोज वेन्स 14. फ़ालेरिया (हाथी पांव) 15. मोच 16. प्रत्येक तरह की चोटें 17. सुन्न्पन 18. लिक्यूडर्मा(सफेद दाग)19. सोराइसिस 20. अबुर्द 21. छाल रोग 22. मुंहासे 23. मस्से 24. समस्त त्वचा विकार 25. दमा २६.सर्दी 27. खांसी 28. नजला /जुकाम 29. गले की दुखन 30. ट्रांसलाइटिस 31. कुक्करखाँसी 32. साइनस शोथ 33. नक्सीर 34. एडीनौइड 35. नाक का अबुर्द 36. छींके 37. अर्ध-मुर्च्छा 38. सिर दर्द 39. आधा सिर दर्द 40. चक्कर 41. उन्माद 42. हिस्टीरिया 43. मस्तिष्क विकार 44. मस्तिष्क में जल संचय 45. उन्माद 46. स्मरण शक्तिनाश 47. सन्निपात 48. मूर्छित अवस्था 49. जिद्दी 50. क्रोध 51. मंदबुद्धि 52. अत्यधिक उत्तेजित बच्चे 53. छोटा कद 54. गलगण्ड 55. थायराइड 56. आपरेशन के बाद के कष्ट 57. कोलाइटिस 58. पेट दर्द 59. अपच 60. वमन/ मिचली 61. वायु-विकार 62. मुंह या जीभ के छाले 63. कान से स्राव 66. बहरापन 67. नपुंसकता 68. बांझपन 69. गर्भाशय का लटक जाना 70. आदतन गर्भपात 71. श्वेत प्रदर 72. योनि मे गांठे एवं अबुर्द 73. मासिक का न होना 74. योनि रक्त स्राव 75. दीनौंधी 76. रतौंधी 77. आँखो से रक्त स्राव 78. आँखो की गुहैरी 79. आँखो की जलन ,बदरंग एवम् ट्टश्य विभ्र्म होना 80.दृष्टि विकार 81. मद्‌पान विकार 82.क्षीणता/ सूखा 83. कमज़ोरी 84.नाखून के रोग 85. पुराना बुखार 86. निद्रा संबंधी विकार 87. ज्न्म के निशान 88. स्त्री पुरुष के अन्य रोग|

महाराज जी ना कोई गंडा ताबीज़ अंधविश्वास या अंध श्रद्धा करने के बात करते हैं| रोगी स्वंय सार्वजनिक रूप से शिविर में रोग मुक्त होने के बात बताते हैं| बाबा जी रोग मुक्त करने का स्वंय कोई दावा नही करते हैं रोग मुक्त होने के लिये रोगी को भी अपने लिये स्वंय प्रत्येक दिन पाँच मिनट के अपने इष्ट की प्रार्थना दुआ अवश्य करनी चाहिए| बाबा जी ना तो चिकित्सक हैं, ना ही कोई चमत्कार,जादू टोना,गण्डा ताबीज़ आड़े करते हैं| जो होता हैं वह मात्र परमात्मा की ही कृपा से होता है| बाबा जी के पास सभी धर्मों से हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई, बौद्ध, ज़ैन एवं पारसी आदि बड़ी श्रद्धा से आते हैं और सभी स्वंय अपने अपने धर्म ,पूजा, श्रद्धा एवं आस्था के अनुसार परमपिता परमेश्वर ,प्रभु , यीशू ,अल्लाह , पाक ,वाहे गुरु , भगवान श्री महावीर एवं भगवान श्री बुद्ध से अपने स्वस्थ होने की सच्चे मन से प्रार्थना करते हैं| बाबा जी इस सामूहिक प्रार्थना में सम्मलित होते हैंमहाराज जी ना कोई गंडा ताबीज़ अंधविश्वास या अंध श्रद्धा करने के बात करते हैं| रोगी स्वंय सार्वजनिक रूप से शिविर में रोग मुक्त होने के बात बताते हैं| बाबा जी रोग मुक्त करने का स्वंय कोई दावा नही करते हैं रोग मुक्त होने के लिये रोगी को भी अपने लिये स्वंय प्रत्येक दिन पाँच मिनट के अपने इष्ट की प्रार्थना दुआ अवश्य करनी चाहिए| बाबा जी ना तो चिकित्सक हैं, ना ही कोई चमत्कार,जादू टोना,गण्डा ताबीज़ आड़े करते हैं| जो होता हैं वह मात्र परमात्मा की ही कृपा से होता है| बाबा जी के पास सभी धर्मों से हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई, बौद्ध, ज़ैन एवं पारसी आदि बड़ी श्रद्धा से आते हैं और सभी स्वंय अपने अपने धर्म ,पूजा, श्रद्धा एवं आस्था के अनुसार परमपिता परमेश्वर ,प्रभु , यीशू ,अल्लाह , पाक ,वाहे गुरु , भगवान श्री महावीर एवं भगवान श्री बुद्ध से अपने स्वस्थ होने की सच्चे मन से प्रार्थना करते हैं| बाबा जी इस सामूहिक प्रार्थना में सम्मलित होते हैं

परहेज -:मांसाहार , शराब एवं गरिष्ठ भोजन रोग मुक्त होने तक

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